भोंपूराम खबरी,रुद्रपुर। पिछले वर्ष से हो लॉकडाउन की वजह से मंंदी की मार झेल रहे फूल विक्रेताओ को कोरोना की दूसरी लहर के चलते आर्थिक परेशानी का डर सताने लगा है।
बाजार को सीमित समय तक किये जाने के प्रभाव से फूल विक्रेता खुद को दूर नही रख पा रहे है। नवरात्र और उसके बाद शादी के सीजन को देखते हुए फूल विक्रताओं को आर्थिक स्थिति अच्छी होने की उम्मीद थी। लेकिन कोरोना की दूसरी लहर के कारण 2 बजे बाजार बंद होने व शादियों में लोगो की संख्या लिमिट होने से उनकी यह उम्मीद भी तोड़ दी है।
फूल विक्रेता चंदन ने बताया कि नवरात्रों की शुरुआत में बढ़ती बिक्री से बड़े मुनाफे की उम्मीद थी। लेकिन नवरात्रो के अंतिम दिनों तक कोरोना के बढ़ते प्रभाव के चलते उम्मीद के मुताबिक खरीदारी नही हो पाई।
वही फूल विक्रेता हनीफ ने बताया कि गर्मी में फूल तेज़ी से मुरझाने लगते है। साथ ही 2 बजे के बाद बाजार बंद किये जाने के फैसले से फूलों की सजावट का काम भी प्रभावित हो रहा है। पिछले साल से अबतक एक महीना भी ऐसा नही बिता है जिसमें फूलों की बिक्री उम्दा हुई हो।



