Monday, March 16, 2026
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ADG विजिलेंस ने बताया कि इस वजह से हुई सस्पेंड आईएएस रामविलास यादव की गिरफ्तारी

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भोंपूराम खबरी। सस्पेंड आईएएस अधिकारी रामविलास यादव को आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में देर रात गिरफ्तार कर लिया गया है। राज्य सतर्कता निदेशक अमित सिन्हा की तरफ से जारी बयान के अनुसार दिनभर पूछताछ के बाद देर रात रामविलास यादव को गिरफ्तार कर लिया गया है। हाईकोर्ट के आदेश के बाद आइएएस राम विलास यादव कल विजिलेंस दफ्तर पहुंचे थे। जहां उनके द्वारा अपना पक्ष रखा गया और लंबी पूछताछ के बाद देर रात उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। आपको बता दें कि दो दिन पहले ही उत्तराखण्ड हाई कोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी पर रोक के मामले पर सुनवाई की और विजिलेंस के सामने पेश होने को कहा था। अब इस मामले की अगली सुनवाई 23 जून को आज होनी थी लेकिन उससे पहले ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।थाना सतर्कता सैक्टर देहरादून पर दिनांक 19.04.2022 को पंजीकृत मु0अ0सं0-5/22 धारा-13(1)ख सपठित धारा-13(2) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशो0अधि0 2018) बनाम रामविलास यादव, आई0ए0एस0, अपर सचिव, उत्तराखण्ड शासन के विरूद्व आय से अधिक सम्पत्ति अर्जित करने विषयक विवेचना में आरोपी अधिकारी रामविलास यादव, दिनांक 22.06.2022 को सतर्कता अधिष्ठान सैक्टर कार्यालय देहरादून में अपने बयान अंकित कराने हेतु पुलिस अधीक्षक सैक्टर देहरादून रेनू लोहानी एवं विवेचक पुलिस उपाधीक्षक अनुषा बडोला के समक्ष उपस्थित हुये।उपरोक्त टीम द्वारा इनके पारिवारिक सदस्यों के नाम अर्जित सम्पत्तियों के बारे में पूछे गये प्रश्नों के उत्तर आरोपी अधिकारी द्वारा संतोषजनक नहीं दिये गये। आरोपी अधिकारी अपने, दिलकश विहार रानीकोठी लखनऊ स्थित आवास, गुडम्बा में स्थित संचालित जनता विद्यालय, नोएडा में क्रय किये गये भूमि की रजिस्ट्री, गाजीपुर जिले में 10 बीघा जमीन, एफ0डी0/खातों में जमा धनराशि, पारिवारिक सदस्यों के बैक खातों में जमा धनराशि एवं पारिवारिक खर्चो के बारे में कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाये और न ही कोई अभिलेख प्रस्तुत कर पाये। अब तक की विवेचना में उपलब्ध अभिलेखों व आरोपी से पूछताछ पर चैक पीरियड में कुल आय 50,48,204/- रूपये तथा व्यय 3,12,37,756/- रू0 होना पाया गया, जो अनानुपातिक सम्पत्ति अर्जित की गयी है आरोपी अधिकारी को आय-व्यय की उपरोक्त रकम बतायी गयी तो कुछ भी स्पष्ट नही बता पाये। तमाम अभिलेखीय साक्ष्यों के आधार पर उनके द्वारा आय से अधिक सम्पत्ति अर्जित करना स्पष्ट होता है कि आरोपी अधिकारी के द्वारा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशो0अधि0 2018) की धारा 13(1)ख सपठित धारा 13(2) का जुर्म किया गया है, जुर्म के समबन्ध में आरोपी अधिकारी को अवगत कराते हुये दिनांक 23.06.2022 को समय 2ः15 ए0एम0 पर लम्बी पूछताछ के बाद सतर्कता अधिष्ठान द्वारा गिरफ्तार किया गया।

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